इमानदारी से जीता हूँ
झूठ नहीं बोलता हूँ
उसूलों पर चलता हूँ
कुछ मुझे धरती से
जुडा हुआ कहते
एक अच्छा
इंसान समझते
कुछ मेरी
इमानदारी पर
शक करते
मेरे उसूलों को
ढकोसला कहते
मुझे परवाह नहीं
कौन क्या कहता ?
मुझे तो जीवन यात्रा में
निरंतर परमात्मा के
उसूलों पर चलना है
इंसान बन कर जीना है
अच्छा लगे या बुरा
किसी के कहने से
अपना सोच नहीं
बदलना है
06-01-2012
16-16-01-12
दुनिया
ने नकारा कहा
मैं हँसता रहा
लोगों ने खुदगर्ज़ कहा
मैं हँसता रहा
माशूक ने बेवफा कहा
मैं हँसता रहा
गुरुओं ने मूर्ख कहा
मैं हंसता रहा
अपनों ने पराया कहा
मैं हँसता रहा
बेईमानों ने बेवकूफ कहा
मैं हँसता रहा
दोस्तों ने मुंह फट कहा
मैं हँसता रहा
वो थक गए
मैं हँसता रहा
मुझे ढीठ कहा
मैं हँसता रहा
कहना बंद कर दिया
मैं हँसता रहा
जैसा हूँ,मंज़ूर किया
निरंतर
उसूलों पर चलता रहा
चाहने वालों ने
फिर भी चाहा
कभी कुछ ना कहा
01-04--11
576—09-04-11