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Tuesday, March 20, 2012

शुक्रगुजार हूँ


शुक्रगुजार हूँ 
जो इतने ज़ख्म
तुमने मुझे दिए
उन्हें देख कर
तुम्हें याद 
तो करता ही हूँ
अहसास भी करता हूँ
कोई अपना ही था
कोई दुश्मन 
होता तो बर्दाश्त
 नहीं करता
आपा खो देता
मुंह तोड़ कर
जवाब दे देता
20-03-2012
418-152-03-12

Tuesday, August 30, 2011

इसी में खुश हूँ उसका चेहरा देख लेता हूँ

इसी में खुश हूँ
उसका चेहरा
देख लेता हूँ
दो पल के लिए
मुस्कारा लेता हूँ
उसकी बेरुखी
चुपचाप सह लेता हूँ
ग़मों को बर्दाश्त
कर लेता हूँ
वो खुश है इसी में
खुश हो लेता हूँ
30-08-2011
1417-139-08-11

Friday, July 15, 2011

आँखों ने रोना ,दिल ने तडपना छोड़ दिया

आँखों ने रोना
दिल ने तडपना
छोड़ दिया
खूबसूरत चेहरों ने,
शोख अंदाज़ ने
लुभाना छोड़ दिया
अब हमने उम्मीद
करना छोड़ दिया
खुद पर
काबू कर लिया
चुप रहना,
हंस कर बर्दाश्त
करना सीख लिया
निरंतर मर कर भी 
जीना सीख लिया
बिना किश्ती के
किनारा ढूंढ लिया
15-07-2011
1185-68-07-11